मेरा शरीरै पिड़ा

 ःः  मेरा शरीरै पिड़ा  ःः
    ःःःःःःःःःःः

मेरा शरीर पिड़ा, मेरी नइ व्यौलि सी ह्वेगी।
मेरी घौरवली, सच्ची सौतन सी ह्वेगी वा।।

मेरा शरीर मा यन रची बसिगि वा।
गौला फंसी, हडगि सी ह्वेगी वा। 
हाथ खुटौं बंदी बेड़ि सी ह्वेगी वा।

मेरा शरीर पिड़ा, मेरी नइ व्यौलि सी ह्वेगी।
मेरी घौरवली, सच्ची सौतन सी ह्वेगी वा।।

मेरू दानु शरीर च, अर् ज्वान च वा।
मैकु दूर लगी, आमै सी दाणि च वा।
सच मा, मेरा अपणा कर्मू फल च वा।

मेरा शरीर पिड़ा, मेरी नइ व्यौलि सी ह्वेगी।
मेरी घौरवली, सच्ची सौतन सी ह्वेगी वा।।

अपणा मर्जी, मेरा अंगसंग ह्वे जांदि वा।
हाय तौबा मेरी, जब भी करीब औंदि वा।
भलि यनि, मेरी घौरवली पास लौंदि वा।

मेरा शरीर पिड़ा, मेरी नइ व्यौलि सी ह्वेगी।
मेरी घौरवली, सच्ची सौतन सी ह्वेगी वा।।

भग्यान यन, भगवान जी याद करौंदि वा।
पास होत, सभी रिस्तादारू मिलौंदि वा।
मेरा भला बुरा कर्मुवी याद दिलौंदि वा।

मेरा शरीर पिड़ा, मेरी नइ व्यौलि सी ह्वेगी।
मेरी घौरवली, सच्ची सौतन सी ह्वेगी वा।।

          ःःः।  कल्याण सिंह चौहान  ।ःः

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